This post in Hindi (Devnagri) talks about history, future of the Internet and web. It also discusses problems and their solutions arising therein.
is hindi (devnaagri) kee chitthi mein, anterjaal ke itihaas aur bhvishaya ke baare mein charchaa hai. yeh vhaan per utth rahee mushkilon aur unke samaadhaan ke baare mein bhee charchaa kartee hai.
Archive for the ‘कानून’ Category
अन्तरजाल की मायानगरी में
Posted in IPR, कानून, सॉफ्टवेयर, हिन्दी, tagged Declaration of the Rights of Man and of the Citizen, file sharing, hindi, Information Technology, Intellectual property, Intellectual Property Rights, Internet, IPR, law, open source, OSS, p2p, peer to peer, Presumption of innocence, science, software, Technology, web on August 11, 2009 | 4 Comments »
आज की दुर्गा – महिला सशक्तिकरण
Posted in कानून, tagged gender justice, women empowerment, women rights on October 24, 2007 | 3 Comments »
यह लेख महिलाओं की अपने अधिकारों की कानूनी लड़ाई के बारे में है। इसमें महिला अधिकार और सशक्तिकरण की चर्चा है।
दुर्गा, शक्ति का रूप हैं। इतनी शक्तिमान कि भगवान राम ने भी लंका पर आक्रमण के समय, दुर्गा की आराधना की। उनकी कथा कुछ ऐसी है कि जब देवता, महिषासुर से संग्राम में [...]
पेटेंट और पौधों की किस्में एवं जैविक भिन्नता
Posted in IPR, कानून on April 8, 2007 | 3 Comments »
प्रकृति में पायी जाने वाली वस्तुओं के गुणों का पेटेंट नहीं कराया जा सकता है पर प्रकृति में प्राप्त वस्तुओं या इसके गुणों का प्रयोग कर यदि कोई नवीन उत्पाद बनाया जाय तो उसको पेटेंट कराया जा सकता है। एक सार्वजनिक प्रक्रिया या उत्पाद, अथवा परंपरागत जानकारी को पेटेंट नहीं किया जा सकता है क्योंकि [...]
पेटेंट और कंप्यूटर प्रोग्राम
Posted in IPR, कानून, सॉफ्टवेयर on October 16, 2006 | 4 Comments »
भूमिका
यह विवादास्पद विषय है कि कंप्यूटर प्रोग्राम पेटेंट कराया जा सकता है कि नहीं। इस बारे में अलग-अलग देशों के नियम भी भिन्न हैं। इसमें कराये जाने के तरीके पर भी विवाद है इसको समझने के लिये इस विषय को तीन भागों में बांटना उचित होगा,
अलग-अलग देशों में क्या नियम हैं?
यदि कंप्यूटर प्रोग्राम पेटेंट [...]
वन्दे मातरम्
Posted in कानून on October 5, 2006 | 3 Comments »
इतिहास
आधुनिक युग में बंगला साहित्य का उत्थान उन्नीसवीं सदी के मध्य से शुरु हुआ। इसमें राजा राम मोहन राय, ईशवर चन्द्र विद्यासागर, परिचन्द्र मित्रा, माईकल मदसूदन दत्त, बंकिम चन्द्र चट्टोपाध्याय, रवीन्द्र नाथ टेगोर ने अग्रणी भूमिका निभायी। इसके पहले बंगाल के साहित्यकार बंगला की जगह संस्कृत या अंग्रेजी में लिखना पसन्द करते थे। बंगला साहित्य [...]
पेटेंट
Posted in IPR, कानून on August 28, 2006 | 3 Comments »
भूमिका
बौद्धिक सम्पदा अधिकार मस्तिष्क की उपज हैं और इनमे सबसे महत्वपूर्ण हैं – पेटेंट। पेटेंटी, पेटेंट का उल्लंघन करने वाले तरीके या उत्पाद के निर्माण को न्यायालय द्वारा रूकवा सकता है। बहुत से लोग यह कहते हैं कि पेटेंट तकनीक को आगे बढाता हैं पर बहुत से लोग यह भी कहते हैं कि इस युग [...]
ओपेन सोर्स सौफ्टवेर
Posted in IPR, कानून, सॉफ्टवेयर, tagged India, Intellectual property, Intellectual Property Rights, IPR, law, open source, OSS, software, Trade Secret, World Trade Organisation, World Trade Organization on June 1, 2006 | 11 Comments »
इस लेख को क्यों पढ़ें
इक्कीसवीं शताब्दी में बौधिक सम्पदा अधिकारों की महत्वपूण भूमिका रहेगी| ओपेन सोर्स सौफ्टवेर का बौधिक सम्पदा अधिकार से अलग तरह का रिशता है इसीलिये इसके महत्व को नकारा नहीं जा सकता, हो सकता है कि आने वाले कल में, सूचना प्रद्योकिकी की दिशा इसी पर निर्भर करे| इसीलिये ओपेन सोर्स सौफ्टवेर [...]